आर्थोपेडिक सर्जरी
12-12-2018 12:00 पूर्वाह्न
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अगर आप दुबई में आर्थोपेडिक सर्जरी कराने की योजना बना रहे हैं, तो यह आपका एक उत्कृष्ट फैसला है। हम आपके लिए कुछ सुझाव पेश कर रहे हैं जो आपके रिकवरी टाइम को यथासंभव ज्यादा
जल्दी रिकवरी
अगर आप’ दुबई में आर्थोपेडिक सर्जरी कराने की योजना बना रहे हैं, तो यह आपका ’एक उत्कृष्ट फैसला है। हम ’ आपके लिए कुछ सुझाव पेश कर रहे हैं जो आपके रिकवरी टाइम को यथासंभव ज्यादा से ज्यादा तीव्र और आरामदेह बनाएंगे।
यह आधुनिक चिकित्सा विज्ञान का कमाल है। आजकल, आर्थोपेडिक सर्जरी – में सर्जिकल और नॉन-सर्जिकल दोनों प्रकार की विधियों का इस्तेमाल पेशीकंकालीय (मस्कुलोस्केलेटल) ट्रामा, रीढ़ (स्पाइन)के रोग, खेलकूद संबंधी चोटें, क्षयकारी रोग, संक्रमण, ट्यूमर और जन्मजात विकार
– ठीक करने के लिए किया जाता है, जो चोटिल या बीमार व्यक्तियों को उनके शरीर की मरम्मत और रोगमुक्ति का अवसर प्रदान करती है। दुबई – ऐसा शहर है जो विश्व की कुछ शीर्षस्तरीय ’ s चिकित्सकीय सुविधाओं, उत्कृष्ट प्रौद्योगिकी और उच्च-सुयोग्य डॉक्टरों से सुसज्जित है। – आर्थोपेडिक उपचार अत्यधिक उन्नत हैं, और दुनिया भर से लोग यहां ये उपचार कराने के लिए आते हैं।
आपकी सर्जरी के बाद…
जहां सर्जरी – निश्चित रूप से – आपके उपचार का एक महत्त्वपूर्ण पहलू है, वहीं रिकवरी टाइम – जिसमें शारीरिक थेरेपी भी शामिल हो सकती है – भी महत्त्वपूर्ण है।
शारीरिक थेरेपी किसी प्रकार की आर्थोपेडिक सर्जरी से रिहैबिलिटेशन का प्रमुख पहलू है। चाहे यह ’ s पूरे घुटनों पर की गई प्रक्रिया हो अथवा कोई कम इन्वेसिव प्रक्रिया हो – जैसे कि एक आर्थ्रोस्कोपिक प्रक्रिया – हो, रिकवरी टाइम की गति बढ़ाने और आपको जल्दी से जल्दी आपके पैरों पर खड़े करने के मामले में शारीरिक थेरेपी सचमुच महत्त्वपूर्ण है। अगर ’ सर्जरी कराने के लिए आप बाहर से आ रहे हैं, तो टिकट हॉस्पिटल और होटल बुक करते समय ध्यान में रखने लायक ये कुछ ज़रूरी बातें हैं।
ज्यादातर सर्जन पेशेंट्स को सर्जरी के बाद शारीरिक थेरेपी के लिए रेफर (संदर्भित) करते हैं, लेकिन सर्जरी पर निर्भरता के अनुसार, आपको खुद करने के लिए व्यायामों की केवल एक सूची भी दी जा सकती है। आपको सदैव ’ अनिवार्य रूप से शारीरिक थेरेपिस्ट की ज़रूरत नहीं होती, लेकिन आपकी प्रगति हेतु मार्गदर्शन, आपकी परफार्मेंस की निगरानी, उनको अधिक प्रभावी बनाने के लिए सुझाव देने, और सर्जरी के बाद किन्हीं जटिलताओं पर निगाह रखने में किसी मददगार के बिना आप अपनी रिकवरी प्रक्रिया के एक महत्त्वपूर्ण चरण से चूक जाते हैं। दुबई आने से पहले अपने डॉक्टर से बात करके शारीरिक थेरेपी के बारे में उनके विचार जानें, और यह कि क्या उनके विचार में आप अपने देश में ही अपनी थेरेपी पूरी कराने में सक्षम होंगे अथवा ’ s दुबई में थेरेपी कराना ही सर्वोत्तम होगा।
तो, सर्जरी के बाद आप क्या अपेक्षा कर सकते हैं?
आपके डॉक्टर, गति की सीमा, सुदृढ़ता और चिकित्सकीय टीम के रिकवरी’ s दिशानिर्देशों के अनुसार आपको सम्पूर्ण शारीरिक थेरेपी योजना प्रदान करेंगे। अगर आपको किन्हीं विशिष्ट गतिविधियों की आवश्यकता हो, अथवा वापस जाना चाहते हों, अथवा कदाचित आपको जॉब से संबंधित कार्य पूरे करने हों, तो शारीरिक थेरेपिस्ट आपके लक्ष्यों के अनुसार आपके लिए योजना बना सकता है।”
रिहैबिलिटेशन अथवा हीलिंग के चार चरण होते हैं।
इनमें ये शामिल हैं:
गति बहाल करना
आपकी’सर्जरी के बाद सौम्य अथवा निष्क्रिय थेरेपी शुरू की जाएगी। इसमें शरीर के किसी विशेष जोड़ या भाग के लिए गति की सीमाएं तय करने में शारीरिक थेरेपिस्ट आपकी मदद कर सकता है।
सक्रिय गति सीमा
आपके सर्जन से आपकी फॉलो अप विजिट के बाद, अथवा जब चिकित्सकीय टीम ’ s के दिशानिर्देश इंगित करें, आप ’ सहायताप्राप्त और सक्रिय गति सीमा वाले व्यायामों के माध्यम से प्रगति करना शुरू करेंगे। इस समय शारीरिक थेरेपिस्ट आपकी सामान्य दिनचर्या में आपकी वापसी शुरू करने में आपका मार्गदर्शन करता है।
सुदृढ़ बनाना
आपकी सक्रिय गति सीमा बहाल हो जाने पर आप’ सुदृढ़ता के चरण में प्रवेश करेंगे। इसमें विविध प्रकार के व्यायाम और उपकरण शामिल हैं और मुख्यतः आपके शरीर के मरम्मत किए गए भाग को फिर से सुदृढ़ बनाया जाता है।
इष्टतम गति बहाल करना
यह रिकवरी प्रक्रिया पूरी करने वाला अंतिम चरण है जो आपके दैनिक जीवन हेतु आवश्यक सारी गतिविधियां अधिक दक्षता और कुशलता के साथ प्रभावी ढंग से करने की क्षमता बहाल करने में आपकी मदद करता है।
सर्जरी के बाद स्वदेश वापसी
अगर आप’ सर्जरी के बाद दुबई से अपने देश वापस जा रहे हैं, तो कुछ बातें ध्यान में रखनी आवश्यक हैं।
सर्जरी के कारण एयरपोर्ट तक जाने, विक्षोभ सहन करने, और लंबे समय तक सीट पर आराम से बैठे रहने की आपकी शारीरिक और मानसिक क्षमता पर एक प्रभाव – पड़ता है, हालांकि यह प्रायः अस्थायी – होता है। हड्डी टूटी होने का विक्षोभ सहन करने की आपकी क्षमता पर काफी प्रभाव पड़ता है। सर्जरी के बाद यात्रा करने के बारे अधिक जानकारी आप अपने डॉक्टर से, और एयरलाइनों की’ वेबसाइटों पर पा सकते हैं। साथ ही, एयरलाइन से यह भी पता कर लें कि जाने से पहले आपको उड़ान हेतु आपको क्लीयरेंस लेटर (स्वीकृति पत्र) की आवश्यकता तो नहीं है।
डॉक्टर इस बारे में दिशानिर्देश देते हैं कि आप अपनी सर्जरी के कितने समय बाद उड़ान भर सकते हैं।
- आर्थ्रोस्कोपिक (कीहोल) सर्जरी के 1-2 दिन बाद
- प्लास्टर चढ़ने के 1-2 दिन बाद आवेदन किया जा सकता है। अगर आपकी दोनों टांगों पर प्लास्टर चढ़ा है, तो कुछ समय तक आपके उड़ान भरने की संभावना नहीं रहेगी।
- सरल, खुली सर्जरी जैसे कि कलाई या हाथ की सर्जरी के 4-5 दिन बाद।
- अधिक जटिल खुली सर्जरी जैसे कि शोल्डर ज्वाइंट रिप्लेसमेन्ट सर्जरी के 14 दिन बाद।
- कोई फ्रैक्चर अथवा टूटी हड्डी स्टेबिलाइज कराने के लिए सर्जरी के 14 दिन बाद
- टोटल हिप रिप्लेसमेन्ट के 3 महीने बाद। हिप संबंधी पूर्वसावधानियां, सर्जरी के बाद शुरूआती छह सप्ताहों में हिप डिसलोकेट होने (यथास्थान से हट जाने) का जोखिम कम करती हैं, और’ मानक हवाई सीटों में पूरी की जा सकती हैं।
- इसके अलावा, इसे भी ध्यान में रखें कि सर्जरी और/अथवा टूटी हड्डी हवाई जहाज में आपके बैठने की स्थिति ओर विक्षोभ सहन करने की आपकी क्षमता को प्रभावित करेगी। आपकी फ्लाइट बुक करने और प्लेन बोर्ड करने से पहले इन बातों का ध्यान रखना चाहिए।
संदर्भ:
https://www.dmu.edu/dose/2016/05/4-steps-recovering-orthopedic-surgery/