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स्वास्थ्य कहानियां

स्पाइनल सिस्ट सर्जरी के बाद दुबई का छात्र फिर से नृत्य करने के लिए तैयार

परेशानी भरी स्पाइनल सिस्ट को दुबई के सर्जन द्वारा सफलतापूर्वक निकाला गया।

दुबई: भयंकर दर्द से ग्रस्त होने के बाद, जिसके कारण उसे अपना शौक छोड़ देना पड़ा था, आठ महीनों बाद पहली बार अपने पसंदीदा बैले शूज पहनने का मौका मिलना 17 साल की कैसिया सिकोरा के लिए बड़ी खुशी की बात है। उसे लगा था कि वह कभी भी वे जूते पहनकर डांस नहीं कर पाएगी, लेकिन अब उसकी यह आशंका दूर हो गई है। खूबसूरत गुलाबी जूतों में पूरे आराम के साथ दर्दरहित जीवन का आनंद उसके लिए ढेरों मुस्कानें और खुशियों भरी राहत लेकर आया है।

 

जनवरी 2018 में, दुबई अमेरिकन एकैडेमी में कक्षा 12 की इस छात्रा को अपनी पीठ के निचले हिस्से में अचानक दर्द का अनुभव हुआ, जो उसकी टांगों तक जाता था।“ मैं हमेशा से ही खुद को काफी सेहतमंद और चुस्त-दुरूस्त मानती थी, बहुत ही सक्रिय, साइकिल चलाना, घुड़सवारी करना, खेल खेलना। इन वर्षों के दौरान मैं कभी भी बीमार नहीं पड़ी या मुझे किसी हॉस्पिटल में नहीं जाना पड़ा। जब मैंने इस दर्द का अहसास किया तो मैं ताज्जुब में पड़ गई। मैंने कभी नहीं सोचा था कि यह इतना भयानक हो सकता है।” सिकोरा ने याद करते हुए बताया, जो कि दुबई में एक आस्ट्रेलियाई निवासी है।

कमज़ोरी का अहसास

हालांकि उसने शुरूआत में इसकी अनदेखी की, लेकिन दर्द गंभीर हो जाने और उसका चलना-फिरना भी दूभर हो जाने पर सिकोरा को आखिरकार चिकित्सकीय मदद लेनी पड़ी।“ पहली बार दर्द का अहसास करने के बाद कुछ ही महीनों में यह बढ़ते हुए अत्यन्त गंभीर हो गया। इस कारण मेरी टांगें अपने-आप कांपती थीं, मैं अपनी पीठ के निचले हिस्से में दर्द की लहर महसूस करती और मुझे लगता कि मेरी टांगों की सारी शक्ति समाप्त हो गई है।” ऐसा सिकोरा ने बताया।

परिवार के लोगों ने शहर में कम से कम चार स्वास्थ्य विशेषज्ञों से परामर्श लिया, लेकिन कोई भी इसका कारण नहीं समझ सका।“ एक डॉक्टर ने मेरे अभिभावकों को मेरी मनोवैज्ञानिक काउंसिलिंग कराने की सलाह दी, क्योंकि उनके विचार में मैं ऐसे दर्द का दिखावा कर रही थी, जिसकी कोई वजह नहीं थी,” उसने बताया।

आखिरकार इस परेशान लड़की को मेडकेयर आर्थोपेडिक्स और स्पाइन हॉस्पिटल में स्पाइनल न्यूरोसर्जन डॉ. निकांड्रो फिगुएरेडो का परामर्श मिला, जिन्होंने पता लगाया कि उसकी पीठ के निचले भाग में एक आक्रामक स्पाइनल मेनिंजन सिस्ट मौजूद है। “ मैंने स्पाइनल सिस्ट के ऑपरेशन किए थे, लेकिन कासिया’ sकी जन्मजात सिस्ट इतनी बड़ी थी जैसा मैंने कभी ऑपरेशन नहीं किया था, उसका आकार 7सेमीx 5सेमी का था। इससे पहले मैंने अधिकतम 3 सेमी आकार वाली सिस्ट के ऑपरेशन किए थे। सेरेब्रो-स्पाइनल फ्लूइड सिस्ट में इकट्‌ठा हो रहा था, जिससे उसकी हडि्‌डयों की उचित वृद्धि रूक गई थी और अलग करना, बांधना, और तरल बहाना आवश्यक हो गया था,” ऐसा डॉ फिगुएरेडो ने बताया।

सर्जरी, मध्य अगस्त में सफलतापूर्वक संपन्न की गई और सिकोरा तेजी से ठीक हुई, सितम्बर में गर्मियों की छुट्‌टी के बाद स्कूल खुलने पर वह फिर से स्कूल पहुंच गई।“ मुझे काफी दर्द रहता था और मैं बमुश्किल बैठ पाती थी। लेकिन दिन में दो बार नियमित फिजियोथेरेपी, और उचित देखभाल के बाद मैं इस लायक हो गई कि स्कूल फिर से खुलने पर वॉकर की सहायता से खुद धीरे-धीरे चलकर स्कूल जा सकती थी। फिजियोथेरेपी ने सितम्बर के आखिर तक मुझे मेरे पैरों पर खड़े होने में मदद की।” ऐसा सिकोरा ने बताया।

जिन लोगों ने उससे कहा था कि वह अब कभी डांस नहीं कर पाएगी, सिकोरा ने अपने पिता के साथ उन सब लोगों को हैरत में डाल दिया जब उसने पिछले महीने अपने बैले जूते पहने और सर्जरी के बाद बैले की अपनी पहली कक्षा में भाग लिया।“ मुझे बैले पसंद है और मैं इतनी खुश हूं कि बता नहीं सकती कि बिना किसी दर्द के इसे करने में कामयाबी मुझे कैसी लग रही है। मुझे पता है कि मैं पेशेवर बैले डांसर नहीं बनने वाली, लेकिन मैं कम से कम धीमी गति से अपने बैले के सबक सीख तो सकती ही हूं।” उसने बतया

 

 

क्या किया जा सकता है

डॉ फिगुएरेडो ने बताया कि सिकोरा, साइकिल चलाना और घुड़सवारी करना को छोड़कर अपनी सारी गतिविधियां फिर से कर पाएगी। “ सिकोरा’ s की सेक्रमी (सैक्रल) हड्‌डी बहुत पतली है क्योंकि सिस्ट की वजह से वह पूरी विकसित नहीं हो सकी। इसलिए, उसे ऐसी हर गतिविधि से अवश्य बचना होगा जो उसकी सैक्रल हड्‌डी को प्रभावित कर सकती हो। साइकिल चलाने और घुड़सवारी करने पर ऐसे झटके लगते हैं जिनसे पतली सैक्रल हड्‌डी को नुकसान पहुंच सकता है।” उन्होंने बताया।

लेकिन अब सिकोरा, उसके माता-पिता विलियम और मार्गरेट, और दो अन्य भाई-बहन यह देखकर अत्यन्त प्रसन्न हैं कि वह अपने पैरों पर वापस खड़ी हो गई है और अपने ज्यादातर कार्य कर रही है जिस तरह वह पहले किया करती थी।“ जब मेरी डॉ फिगुएरेडो से मुलाकात हुई तभी से मेरा उनके ऊपर विश्वास बन गया। सिस्ट फिर से होने की एक आशंका है, लेकिन अब मैं नियमित रूप से स्क्रीनिंग के लिए जा रही हूं और मुझे बड़ी खुशी है कि मैं दर्द रहित हूं और मेरी टांगों में अब कोई कमज़ोरी नहीं है।” नवयुवा लड़की ने प्रसन्नचित्त भाव से बताया।

 

सैक्रल स्पाइनल सिस्ट क्या होती है

सैक्रल एक्स्ट्राड्‌यूरल स्पाइनल मेनिंजल सिस्ट (SESMC) रीढ़ की सैक्रल कैनाल में स्थित होती हैं। जहां सिस्ट की विभिन्न श्रेणियां हैं, वहीं कुछ में तंत्रिका सिरे होते हैं और कुछ में नहीं होते। ज्यादातर सिस्ट्‌स में सेरेब्रो-स्पाइनल तरल भर जाता है जो सैक्रल वाले भाग में तंत्रिकाओं को दबाता है जिससे भयानक दर्द होता है और कमज़ोरी आती है।

सर्जन या तो इस तरल को बहा देते हैं और तंत्रिकाओं को संकुचनमुक्त कर देते हैं, या सिस्ट खोल सकते हैं, इसे सैक्रल कैनाल से अलग कर देते हैं बांध देते हैं और इसे निकालकर बेहतर समाधान करते हैं।

 

स्रोत: Gulf News

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